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मंगलवार, 28 जुलाई 2026

मैं रह गया !

 

मैं कहने की चाह में 

कहता कहता रह गया 

चाहत, चिता, चित्त 

ढोते ढोते रह गया  


रात जागी दिन जगाया 

सोता सोता रह गया 

बे - बात , बित्ता बात 

सुनते सुनते रो गया !


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